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2026 के लिए दैनिक एफेमेरिस और ग्रह स्थिति

2026 के लिए दैनिक एफेमेरिस और ग्रह स्थिति

सबसे सटीक ऑनलाइन वैदिक एफेमेरिस जनरेटर में आपका स्वागत है। चाहे आप जन्म कुंडली बनाना सीख रहे हों या गोचर की जांच कर रहे हों, सटीक ग्रह डेटा भविष्यवाणी की नींव है।

त्वरित सारांश (मुख्य विशेषताएं)

  • सटीकता: लाहिरी अयनांश (चित्र पक्ष) का उपयोग करके गणना की गई, जो भारतीय ज्योतिष का मानक है।
  • समय: ग्रह स्थितियां 00:00 GMT के लिए दी गई हैं।
  • दायरा: सूर्य, चंद्र, मंगल, बुध, गुरु, शुक्र, शनि, राहु और केतु शामिल हैं।
  • हाइलाइट: वक्री ग्रहों को आसान पहचान के लिए ('R') से स्पष्ट रूप से चिह्नित किया गया है।

एफेमेरिस की गणना करें

संपूर्ण दैनिक ग्रह स्थिति तालिका उत्पन्न करने के लिए कोई भी वर्ष (उदा: 1990, 2025) दर्ज करें।

ज्योतिषीय शब्दावली

तालिका में प्रयुक्त तकनीकी शब्दों को समझना:

शब्द परिभाषा
Sidereal Time (ST) नक्षत्र समय। इसका उपयोग लग्न की गणना के लिए किया जाता है।
अयनांश पश्चिमी (सायन) और वैदिक (निरयण) राशियों के बीच का अंतर। हम लाहिरी का उपयोग करते हैं।
वक्री (Retrograde) जब कोई ग्रह पीछे की ओर चलता हुआ प्रतीत होता है। तालिका में इन्हें 'R' से चिह्नित किया गया है।
राहु / केतु ये छाया ग्रह हैं, भौतिक पिंड नहीं, लेकिन वैदिक ज्योतिष में अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।

इस एफेमेरिस को कैसे पढ़ें

चूंकि ये स्थितियां 00:00 GMT पर हैं, इसलिए आपको समय को बदलना होगा:

  • भारत (IST) के लिए: GMT समय में +5 घंटे 30 मिनट जोड़ें।
  • न्यूयॉर्क (EST) के लिए: 5 घंटे घटाएं।
  • इंटरपोलेशन: ग्रह अलग-अलग गति से चलते हैं। आपके जन्म के समय सटीक स्थिति खोजने के लिए गणितीय गणना की आवश्यकता होती है।

सामान्य प्रश्न (FAQ)

Frequently Asked Questions

यह सुनिश्चित करता है कि ग्रहों की स्थिति वैदिक ग्रंथों में प्रयुक्त नक्षत्रों के साथ संरेखित हो।

आमतौर पर नहीं। यह टूल निरयण (Sidereal) स्थितियाँ उत्पन्न करता है।

क्योंकि वे गणितीय बिंदु हैं जो हमेशा उल्टी दिशा में चलते हैं।

गणना पद्धति: अधिकतम सटीकता सुनिश्चित करने के लिए यह उपकरण श्री संतोष कुमार शर्मा के मार्गदर्शन में स्विस एफेमेरिस का उपयोग करता है।

Gollapelli Santhosh Kumar Sharma

लेखक के बारे में

यह लेख और इसकी ज्योतिषीय भविष्यवाणियां Gollapelli Santhosh Kumar Sharma द्वारा तैयार की गई हैं, जो वैदिक ज्योतिषी हैं और जिन्हें वैदिक ज्योतिष, जन्मकुंडली विश्लेषण, पंचांग गणना और व्यक्तिगत परामर्श में 26+ years का अनुभव है।

यह सामग्री पारंपरिक ज्योतिष सिद्धांतों, व्यावहारिक फलित और सरल व्याख्या को ध्यान में रखकर लिखी गई है, ताकि पाठकों को दैनिक जीवन, महत्वपूर्ण निर्णयों और आध्यात्मिक समझ के लिए भरोसेमंद मार्गदर्शन मिल सके।

लेखक की पद्धति: प्रत्येक भविष्यवाणी में ग्रह स्थिति, दशा प्रभाव, गोचर फल और शास्त्रीय ज्योतिष नियमों को ध्यान में रखा जाता है, जिससे मार्गदर्शन संतुलित, उपयोगी और समझने में सरल रहता है।

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नोट: इस वेबसाइट पर त्योहारों और ग्रहण की तिथियों की गणना स्विस एफेमेरिस (Swiss Ephemeris) और दृक सिद्धांत के आधार पर की गई है। यहां दर्शाए गए समय आपके चुने गए शहर के अक्षांश और देशांतर के अनुसार समायोजित किए गए हैं, जिसमें सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय और चंद्रास्त की गणना टोपोसेंट्रिक (topocentric) निर्देशांकों का उपयोग करके की गई है। क्षेत्रीय परंपराओं या स्थानीय पंचांग की भिन्नताओं के कारण इसमें मामूली अंतर आ सकता है। किसी भी संदेह की स्थिति में, कृपया अपने स्थानीय पंचांग या पारिवारिक पुरोहित (पंडित जी) से पुष्टि अवश्य कर लें।